December 13, 2018

दो हजार, पांचसौ , दो सौ के नोट बन्द ?

दो हजार, पांचसौ , दो सौ के नोट बन्द ?
अब तक जहाँ चल रहे थे सभी भारतीय नॉट वहाँ अब भारत में 2016 में हुई नोटबंदी के बाद लाए गए दो हज़ार, पांच सौ और दो सौ रुपए के नए भारतीय नोटों को अवैध घोषित कर दिया गया है ।

जी हाँ नेपाल की सरकार ने भारतीय मुद्रा के सौ से ऊपर के नोटों पर पाबंदी लगा दी है।


मतलब अब नेपाल में सौ से ऊपर के भारतीय नोट नहीं चलेंगे , अब आप सौ या उससे नीचे के नोट लेकर नेपाल घूम सकेंगे ।

पाबंदी के पहले तक नेपाल में स्थानीय मुद्रा के साथ भारत के सभी नोट भी चलन में थे ।

सूत्रों के मुताबिक नेपाल कैबिनेट में इसका फ़ैसला बीते सोमवार को ही ले लिया गया था लेकिन पत्रकारों को इसकी जानकारी गुरुवार दी गई है ।

नेपाल में अब दो हज़ार, पांच सौ और दो सौ रुपए के भारतीय नोट को रखना, उनके बदले किसी सामान को लेना या भारत से उन्हें नेपाल में लाना ग़ैरकानूनी हो गया है ।

हाल ही में नेपाल के मंत्रियों की एक बैठक हुई थी और इसी बैठक में यह फ़ैसला लेकर एक नोटिस जारी किया गया कि 200, 500 और 2,000 के भारतीय नोट नेपाल में अवैध होंगे।

इसका असर लोगों पर पड़ेगा, पर्यटन क्षेत्र में मुसीबत बढ़ेगी, सीमाई इलाक़ों में भारतीय व्यापारियों को समस्या होगी।

दोनों देशों के उन लोगों को दिक़्क़त होगी जो एक दूसरे के देश में काम या व्यापार करते हैं ।

इस फैसले को लेने की कोई वजह अभी तक सार्वजनिक नहीं की गई है , पर ऐसा माना जा रहा है कि नोट बंदी के दौरान नेपाल में फंसे पाँच सौ और हजार के नोट नहीं बदले जा सके इस वजह से ये फैसला लिया गया होगा ।

December 12, 2018

शिवजी की आरती

शिवजी की आरती

शिवजी की आरती


ॐ जय शिव ओंकारा, स्वामी जय शिव ओंकारा।


ब्रह्मा, विष्णु, सदाशिव, अर्द्धांगी धारा॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



एकानन चतुरानन पञ्चानन राजे।


हंसासन गरूड़ासन वृषवाहन साजे॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



दो भुज चार चतुर्भुज दसभुज अति सोहे।


त्रिगुण रूप निरखते त्रिभुवन जन मोहे॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



अक्षमाला वनमाला मुण्डमाला धारी।


त्रिपुरारी कंसारी कर माला धारी॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



श्वेताम्बर पीताम्बर बाघम्बर अंगे।


सनकादिक गरुणादिक भूतादिक संगे॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



कर के मध्य कमण्डलु चक्र त्रिशूलधारी।


सुखकारी दुखहारी जगपालन कारी॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



ब्रह्मा विष्णु सदाशिव जानत अविवेका।


मधु-कैटभ दो‌उ मारे, सुर भयहीन करे॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



लक्ष्मी व सावित्री पार्वती संगा।


पार्वती अर्द्धांगी, शिवलहरी गंगा॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



पर्वत सोहैं पार्वती, शंकर कैलासा।


भांग धतूर का भोजन, भस्मी में वासा॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



जटा में गंग बहत है, गल मुण्डन माला।


शेष नाग लिपटावत, ओढ़त मृगछाला॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



काशी में विराजे विश्वनाथ, नन्दी ब्रह्मचारी।


नित उठ दर्शन पावत, महिमा अति भारी॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥



त्रिगुणस्वामी जी की आरति जो कोइ नर गावे।


कहत शिवानन्द स्वामी, मनवान्छित फल पावे॥


ॐ जय शिव ओंकारा॥


लक्ष्मी जी की आरती

लक्ष्मी जी की आरती

आरती श्री लक्ष्मी जी


 

ॐ जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी माता।


तुमको निशिदिन सेवत, हरि विष्णु विधाता॥


ॐ जय लक्ष्मी माता॥



उमा, रमा, ब्रह्माणी, तुम ही जग-माता।


सूर्य-चन्द्रमा ध्यावत, नारद ऋषि गाता॥


ॐ जय लक्ष्मी माता॥



दुर्गा रुप निरंजनी, सुख सम्पत्ति दाता।


जो कोई तुमको ध्यावत, ऋद्धि-सिद्धि धन पाता॥


ॐ जय लक्ष्मी माता॥



तुम पाताल-निवासिनि, तुम ही शुभदाता।


कर्म-प्रभाव-प्रकाशिनी, भवनिधि की त्राता॥


ॐ जय लक्ष्मी माता॥



जिस घर में तुम रहतीं, सब सद्गुण आता।


सब सम्भव हो जाता, मन नहीं घबराता॥


ॐ जय लक्ष्मी माता॥



तुम बिन यज्ञ न होते, वस्त्र न कोई पाता।


खान-पान का वैभव, सब तुमसे आता॥


ॐ जय लक्ष्मी माता॥



शुभ-गुण मन्दिर सुन्दर, क्षीरोदधि-जाता।


रत्न चतुर्दश तुम बिन, कोई नहीं पाता॥


ॐ जय लक्ष्मी माता॥



महालक्ष्मीजी की आरती, जो कोई जन गाता।


उर आनन्द समाता, पाप उतर जाता॥


ॐ जय लक्ष्मी माता॥


आरती श्री हनुमान जी

आरती श्री हनुमान जी

आरती श्री हनुमानजी


आरती कीजै हनुमान लला की।


दुष्ट दलन रघुनाथ कला की॥



जाके बल से गिरिवर कांपे।


रोग दोष जाके निकट न झांके॥


अंजनि पुत्र महा बलदाई।


सन्तन के प्रभु सदा सहाई॥


आरती कीजै हनुमान लला की।




दे बीरा रघुनाथ पठाए।


लंका जारि सिया सुधि लाए॥


लंका सो कोट समुद्र-सी खाई।


जात पवनसुत बार न लाई॥


आरती कीजै हनुमान लला की।




लंका जारि असुर संहारे।


सियारामजी के काज सवारे॥


लक्ष्मण मूर्छित पड़े सकारे।


आनि संजीवन प्राण उबारे॥


आरती कीजै हनुमान लला की।




पैठि पाताल तोरि जम-कारे।


अहिरावण की भुजा उखारे॥


बाएं भुजा असुरदल मारे।


 दाहिने भुजा संतजन तारे॥


आरती कीजै हनुमान लला की।




सुर नर मुनि आरती उतारें।


जय जय जय हनुमान उचारें॥


कंचन थार कपूर लौ छाई।


आरती करत अंजना माई॥


आरती कीजै हनुमान लला की।




जो हनुमानजी की आरती गावे।


 बसि बैकुण्ठ परम पद पावे॥


आरती कीजै हनुमान लला की।


दुष्ट दलन रघुनाथ कला की॥


आरती कुंजबिहारी की

आरती कुंजबिहारी की

आरती कुंजबिहारी की


 

आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की


गले में बैजंती माला, बजावै मुरली मधुर बाला।


श्रवण में कुण्डल झलकाला, नंद के आनंद नंदलाला।


 

गगन सम अंग कांति काली, राधिका चमक रही आली।


लतन में ठाढ़े बनमाली


भ्रमर सी अलक, कस्तूरी तिलक, चंद्र सी झलक;


ललित छवि श्यामा प्यारी की॥


श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥



आरती कुंजबिहारी की


श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥



कनकमय मोर मुकुट बिलसै, देवता दरसन को तरसैं।


गगन सों सुमन रासि बरसै;


बजे मुरचंग, मधुर मिरदंग, ग्वालिन संग;


अतुल रति गोप कुमारी की॥


श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥


 

आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥



जहां ते प्रकट भई गंगा, कलुष कलि हारिणि श्रीगंगा।


स्मरन ते होत मोह भंगा;


बसी सिव सीस, जटा के बीच, हरै अघ कीच;


चरन छवि श्रीबनवारी की॥


श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥


आरती कुंजबिहारी की


श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥




चमकती उज्ज्वल तट रेनू, बज रही वृंदावन बेनू।


चहुं दिसि गोपि ग्वाल धेनू;


हंसत मृदु मंद,चांदनी चंद, कटत भव फंद;


टेर सुन दीन भिखारी की॥,


श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥


आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥



आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की॥


आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की॥


गणेशजी की आरती

गणेशजी की आरती

श्री गणेश जी की आरती


जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा।


माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥



एक दन्त दयावन्त चारभुजाधारी


माथे पर तिलक सोहे मूसे की सवारी।


पान चढ़े फूल चढ़े और चढ़े मेवा


लड्डुअन का भोग लगे सन्त करें सेवा॥



जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा।


माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥



अन्धे को आँख देत, कोढ़िन को काया।
बाँझन को पुत्र देत, निर्धन को माया ।।



'सूर' श्याम शरण आए सफल कीजे सेवा


माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥


जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा।


माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥


ओम जय जगदीश हरे

ओम जय जगदीश हरे

ॐ जय जगदीश हरे


ॐ जय जगदीश हरे, स्वामी जय जगदीश हरे।

भक्त जनों के संकट, क्षण में दूर करे॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

जो ध्यावे फल पावे, दुःख विनसे मन का।

स्वामी दुःख विनसे मन का।

सुख सम्पत्ति घर आवे, कष्ट मिटे तन का॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

मात-पिता तुम मेरे, शरण गहूँ मैं किसकी।

स्वामी शरण गहूँ मैं किसकी।

तुम बिन और न दूजा, आस करूँ जिसकी॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

तुम पूरण परमात्मा, तुम अन्तर्यामी।

स्वामी तुम अन्तर्यामी।

पारब्रह्म परमेश्वर, तुम सबके स्वामी॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

तुम करुणा के सागर, तुम पालन-कर्ता।

स्वामी तुम पालन-कर्ता।

मैं मूरख खल कामी, कृपा करो भर्ता॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

तुम हो एक अगोचर, सबके प्राणपति।

स्वामी सबके प्राणपति।

किस विधि मिलूँ दयामय, तुमको मैं कुमति॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

दीनबन्धु दुखहर्ता, तुम ठाकुर मेरे।

स्वामी तुम ठाकुर मेरे।

अपने हाथ उठा‌ओ, द्वार पड़ा तेरे॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

विषय-विकार मिटा‌ओ, पाप हरो देवा।

स्वमी पाप हरो देवा।

श्रद्धा-भक्ति बढ़ा‌ओ, सन्तन की सेवा॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

श्री जगदीशजी की आरती, जो कोई नर गावे।

स्वामी जो कोई नर गावे।

कहत शिवानन्द स्वामी, सुख संपत्ति पावे॥

ॐ जय जगदीश हरे।

 

December 04, 2018

ठीक नहीं बैंकों का हाल

ठीक नहीं बैंकों का हाल
बुधवार को रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति की समीक्षा होनी है l इससे पहले ही अंतरराष्ट्रीय रेटिंग एजेंसियों मूडीज और फिच ने सरकारी बैंकों की सेहत पर प्रश्न चिन्ह लगाए हैं l

सोमवार को मूडीज ने और उसके तुरंत बाद मंगलवार को फिच ने सरकारी क्षेत्र के बैंकों की माली हालत में हाल फिलहाल कोई सुधार नहीं दिखने के आसार जताए हैं।

दोनो एजेंसियों ने कहा है कि अगले वित्त वर्ष सरकारी बैंकों में एनपीए की समस्या और बढ़ सकती है ।

इस दौरान बुधवार को रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति की समीक्षा में ब्याज दरों को लेकर रिजर्व बैंक क्या फैसला करता है इस पर सभी की नजर रहेगी l

साथ साथ सरकारी बैंकों की हालात को सुधारने के लिए केंद्रीय बैंक क्या कदम उठाएगा वो भी देखने वाली बात है ।

मौद्रिक नीति की समीक्षा से पहले अंतरराष्ट्रीय रेटिंग एजेंसियों ने भारतीय बैंकिंग की वित्तीय स्थिति पर जो विचार व्यक्त किया है वह बेहद चिंताजनक है।

फिच की रिपोर्ट में एक तरह से चेतावनी दी गई है कि एनपीए की समस्या अभी खत्म होती नहीं दिख रही है ।

हालाँकि मूडीज ने यह जरुर कहा है कि अर्थव्यवस्था की स्थिति में सुधार होने का सकारात्मक असर बैंकों पर पड़ेगा लेकिन अभी भी बैंकों पर संकट बरक़रार है l

काफी समय से दोनो एजेंसियां भारतीय बैंकों के बारे में जो रिपोर्ट दे रही हैं वो बैंकिंग व्यवस्था के लिए चिंताजनक है ।

बैंकिंग व्यवस्था को लेकर फिच और मूडीज की सालाना रिपोर्ट को उध्योग जगत में काफी तवज्जो दी जाती है।

सूत्रों के मुताबिक केंद्र सरकार की तरफ से सरकारी बैंकों को 20 हजार करोड़ रुपये की अतिरिक्त मदद  मुहैया कराई जा सकती है ।

पहले भी सरकार जनवरी 2018 में और जुलाई, 2018 में कुछ सरकारी बैंकों को मदद की राशि दी थी , बैंकों की जरुरत को देखते हुए यह काफी कम साबित हुई l 

रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति की समीक्षा के दौरान आरबीआइ की तरफ से बैंकों में वैधानिक पूंजी स्तर रखने के मौजूदा नियमों में कुछ बदलाव किया जा सकता है।

बैंकिंग सिस्टम में फंड की उपलब्धता बढ़ाने को लेकर भी आरबीआइ की तरफ से नई योजनाएं बन सकती है।

बुलंदशहर घटना पर पूरी ख़बर

बुलंदशहर घटना पर पूरी ख़बर

ऐसा क्या हुआ जो जान के दुश्मन हो गए ?


बुलंदशहर ज़िले के महाव गांव के राजकुमार नाम के शख्स के खेत में गाय के अवेशष मिले थे जिन्हें देख काफी लोग इकठ्ठा हो गए l

लोगों का कहना है कि उन्होंने अपने खेतों में कम से कम एक दर्जन गायों के कंकाल देखे थे l

खबर फैलते ही  लगभग दो सौ से ज़्यादा हिंदू खेत में जमा हो गए और इस बात को लेकर आपस में विचार विमर्श करने लगे कि आगे क्या करना है l

राजकुमार की पत्नी रेनू का कहना है कि हम गाय के अवशेष खेतों में ही गाड़ना चाह रहे थे, लेकिन भीड़ नहीं मानी l

गाय का कंकाल मिलने के बाद कई गांव वाले बहुत ग़ुस्से में थे और उन्होंने फ़ैसला किया कि वो इसे लेकर थाने जाएंगे और पुलिस से फ़ौरन कार्रवाई की मांग करेंगे l

पुलिस के मुताबिक महाव गांव के जंगल में गोकशी की घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस घटनास्थल पर पहुंची तो वहां काफ़ी भीड़ जमा थी l समझाने पर भी भीड़ कुछ सुनने को तैयार नहीं थी और पथराव शुरू कर दिया l

इसके बाद योगेश राज नामक व्यक्ति आदि लोगों के नेतृत्व में दोपहर में चौकी चिंगरावठी के सामने सड़क पर लगे जाम लगाए खड़े लोग और उग्र होने लगे l

लोगों ने हाईवे पर स्थित चिंगरावाटी पुलिस चौकी को घेर लिया, उस समय थाने में केवल छह लोग थे और वे घबराहट में पुलिस मुख्यालय बार-बार फ़ोन करने लगे l

पुलिस मुख्यालय से फ़ौरन ही अतिरिक्त पुलिस भेजने का आदेश दिया गया l

पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध को जैसे ही उन्हें ख़बर मिली वो अपनी गाड़ी में बैठे और ड्राइवर राम आसरे को लेकर स्थल की ओर रवाना हुए l वह घटनास्थल पर पहुंच गए और ग़ुस्से से भरी भारी भीड़ के बीच चले गए l

मौके पर पहुंचे एसडीएम स्याना और क्षेत्राधिकारी स्याना ने भीड़ को समझाने की कोशिश की, दोषियों के ख़िलाफ़ कार्रवाई का आश्वासन  भी दिया l  और कुछ लोगों को कोतवाली, स्याना चलकर एफ़आईआर की कॉपी लेने को भी कहा l

प्रभारी निरीक्षक सुबोध कुमार सिंह ने भी वहां लोगों को समझाने-बुझाने की कोशिश की लेकिन कोई कामयाबी नहीं मिली l

उन्होंने बुलेटप्रूफ़ जैकेट नहीं पहना था और उनके हाथ में पिस्तौल भी नहीं थी l

जैसे-जैसे भीड़ का आकार बढ़ा वह आक्रामक होती चली गई जिससे और अधिकारी भी मौक़े पर पहुंच गए l इसी हालात में पुलिस ने बल प्रयोग करने का फ़ैसला ले लिया l

पुलिस के अनुसार नाराज़ भीड़ के पास देसी कट्टे थे और वह पुलिस टीम पर फ़ायरिंग कर रही थी l हालात हाथ से निकले जब पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के इरादे से हवा में गोली चलाई l

खबर के मुताबिक इसके बाद दोनों तरफ से फायरिंग होने लगी और गोलियों की आवाज सुनाई देने लगीं l

कुछ वरिष्ठ अधिकारियों ने ख़ुद को पुलिस स्टेशन के छोटे से गंदे से कमरे में बंद कर लिया l उधर सुबोध कुमार सिंह हमलावरों की ओर से फेंकी गई ईंट लगने से ज़ख़्मी हो गए l

गोहत्या को बंद करने की मांग कर रही हिंसक भीड़ के आगे अब पुलिसकर्मियों की संख्या बहुत कम रह गई ,

ड्राइवर रामआसरे के मुताबिक ईंट से चोट लगने के बाद उन्हें गाड़ी की पिछली सीट पर बिठाया और जीप को दूसरी ओर घुमाया भीड़ ने उनका पीछा किया और फिर से हमला कर दिया l

गाडी फंसने के बाद वहां से भाग निकले , मगर घायल प्रभारी निरीक्षक सुबोध कुमार सिंह को गोली मार दी गई और उनकी लाइसेंसी पिस्तौल, तीन मोबाइल फ़ोन छीनकर ले गए l

इसके बाद वो लगातार फ़ायरिंग करते रहे और वायरलेस सेट तोड़ दिए l

पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट बताती है कि सुबोध कुमार सिंह की बायीं भौंह के ठीक ऊपर गोली लगी l

जब सुबोध कुमार सिंह को नज़दीकी अस्पताल ले जाया गया तो डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया l

भीड़ के साथ प्रदर्शन कर रहे सुमित नाम के एक अन्य युवक को भी गोली लगी थी जिसकी बाद में मेरठ के एक अस्पताल में मौत हो गई l

इस घटना के बाद पूरा गांव वीरान पड़ा हुआ है लोग गांव छोड़कर भाग गए हैं कुछ को गाय का कंकाल मिलने के बाद उनपर शक के बदले का डर है तो कुछ को पुलिस की कार्यवाही का डरl

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिवंगत इंस्पेक्टर की पत्नी को 40 लाख रुपए और उनके माता-पिता को 10 लाख रुपए की आर्थिक सहायता देने व आश्रित परिवार को पेंशन और परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने का भी आश्वासन दिया है l

गोकशी के शक में हिंसा भड़काने के आरोप में पुलिस ने चार लोगों को गिरफ्तार किया। हिंसा और इस दौरान मारे गए इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की हत्या में मुख्य आरोपी बजरंग दल नेता योगेश राज अभी भी फरार है।

इसी ने सोमवार को गोकशी होने की शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस इस मामले में 4 लोगों को हिरासत में लिया है ।

पुलिस ने मामले में दो एफआईआर दर्ज की हैं। पहली एफआईआर स्लॉटर हाउस पर और दूसरी हिंसा को लेकर दर्ज हुई है। एफआईआर में 27 नामजद और 60 अज्ञात आरोपी हैं। इनमें बजरंग दल का नेता योगेश राज, भाजपा युवा अध्यक्ष शिखर अग्रवाल, विहिप कार्यकर्ता उपेंद्र राघव भी नामजद है ।

घटना के बाद विभिन्न दलों के नेताओ ने अलग अलग प्रकार से प्रतिक्रिया जाहिर की है

आजम खान ने योगी सरकार पर निशाना साधा है l

विपक्ष ने कहा है कि प्रदेश जल रहा है और मुख्यमंत्री चुनावी रैलियों में व्यस्त हैं l

डॉ. कुमार विश्वास ने लिखा :
"लुटे सियासत की मंडी में और झूठी रुसवाई में ,
जाने कितना वक़्त लगेगा रिश्तों की तुरपाई में...!"
सत्ता के लिए ये नेता कुछ भी कर सकते हैं !
अंधभक्तो जाग जाओ, देश के सौहार्द्र को आग मत लगाओ !
नहीं तो कुछ नहीं बचेगा इन नरभक्षियों की दुकानों के अलावा “

माननीयों पर लंबित 4 हजार से अधिक केस

माननीयों पर लंबित 4 हजार से अधिक केस
देश की शीर्ष अदालत ने राज्य  तथा विभिन्न उच्च न्यायालयों से वर्तमान और पूर्व विधायकों के खिलाफ लंबित आपराधिक मामलों की विस्तृत जानकारी मांगी थी l

 

जानकारी मांगने के पीछे उद्देश्य है कि ऐसे मामलों में जल्द सुनवाई के लिए पर्याप्त संख्या में विशेष अदालतों का गठन हो सके सके ।

 

इसी संदर्भ में उच्चतम न्यायालय को सोमवार को सूचित किया गया था। जिसमें बताया गया था कि संसद और विधानसभाओं के वर्तमान और कुछ पूर्व सदस्यों के खिलाफ तीन दशक से भी अधिक समय से 4,122 आपराधिक मामले लंबित हैं।

 

वरिष्ठ अधिवक्ता विजय हंसारिया और अधिवक्ता स्नेहा कालिता ने राज्यों और उच्च न्यायालयों से प्राप्त डेटा शीर्ष अदालत में पेश किया ।

 

 

आज 4 दिसंबर उच्चतम न्यायालय ने पूर्व और वर्तमान सांसदों और विधायकों के खिलाफ मामलों की सुनवाई के लिए बिहार और केरल में सत्र अदालतों के गठन का निर्देश दिया है।

 

प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पीठ एक जनहित याचिका पर वर्तमान और पूर्व विधायकों के खिलाफ आपराधिक मामलों से संबंधित मुद्दों पर विचार कर रही है ।

राज्यों और उच्च न्यायालयों से प्राप्त डेटा से पता चलता है कि 264 मामलों में उच्च न्यायालयों ने सुनवाई पर रोक लगा दी गई l

 वर्ष 1991 से लंबित कई मामलों में तो आरोप तक तय नहीं किए गए हैं।


अधिवक्ता एवं भाजपा नेता अश्चिनी उपाध्याय की एक याचिका में आपराधिक मामलों में दोषी सिद्ध नेताओं पर ताउम्र प्रतिबंध लगाने की मांग की गई है l

अदालत इस याचिका पर जल्द सुनवाई करेगी ।

शीर्ष अदालत निर्वाचित प्रतिनिधियों से जुड़े इस तरह के मामलों में सुनवाई में तेजी लाने  के लिए विशेष अदालतें गठित करने पर भी विचार करेगी ।

 

संसद और विधानसभाओं के वर्तमान और कुछ पूर्व सदस्यों के खिलाफ काफी समय से आपराधिक मामले जो 4 हजार से भी अधिक हैं लंबित हैं, जिससे आमजन का विश्वास डगमगा जाता है ।

 

 

December 01, 2018

भारत को मिली जी-20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी

भारत को मिली जी-20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी

साल 2022 में भारत जी-20 शिखर सम्मेलन ( G20 Summit) की मेजबानी करेगा


अर्जेंटीना के ब्यूनस आयर्स में चल रहे जी20 शिखर सम्मेलन के दौरान भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इटली से गुजारिश की थी कि वह 2021 में इस सम्मेलन की मेजबानी करे, ताकि 2022 का मौका भारत को मिले l

पीएम मोदी ने कहा कि इटली समेत दूसरे देश इसपर राजी हो गए हैं, बता दें कि इसी साल भारत अपनी आजादी की 75वीं सालगिरह मनाएगा l

 

इटली ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उस गुजारिश को स्वीकार कर लिया है जिसमें उन्होंने 2022 का जी-20 शिखर सम्मेलन भारत में आयोजित करने का आग्रह किया था।

साल 2022 में भारत जी-20 शिखर सम्मेलन ( G20 Summit) की मेजबानी करेगा l

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को यहां यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष डोनाल्ड टस्क, यूरोपीय आयोग के अध्यक्ष जीन क्लॉड जंकर और जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल से मुलाकात की।

 

इस महत्वपूर्ण समूह की बैठक की मेजबानी मिलने को एक बड़ी सफलता माना जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मैं आभारी हूं और 2022 में दुनियाभर की लीडरशिप को भारत आने के लिए आमंत्रित करता हूं l

बता दें कि इससे पहले पीएम नरेंद्र मोदी, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और जापानी प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने वैश्विक और बहुपक्षीय हितों के बड़े मुद्दों पर चर्चा करने के लिए अपनी पहली त्रिपक्षीय बैठक को लेकर जी-20 शिखर सम्मेलन से इतर मुलाकात की l

 

रणनीतिक महत्व के हिंद - प्रशांत क्षेत्र में चीन के अपनी शक्ति प्रदर्शित करने के मद्देनजर यह बैठक काफी मायने रखती है.

 

पीएम मोदी ने कहा, '2022 में भारत की आजादी की 75वीं सालगिरह है। हमने इटली से अनुरोध किया था कि यदि वह 2022 की जगह 2021 में अपने यहां जी-20 सम्मेलन का आयोजन कर ले तो 22 की मेजबानी हमें मिल सकती है। उन्होंने हमारी गुजारिश को स्वीकार कर लिया है। मैं उनका आभारी हूंl

 

अब जी-20 सम्मेलन का आयोजन 2022 में भारत करेगा l