October 31, 2020

आ रहा है त्योहारों से भरा महीना, जानें कब है कौन सा त्यौहार

आ रहा है त्योहारों से भरा महीना, जानें कब है कौन सा त्यौहार

त्यौहार ही त्योहार हैं इस महीने Month of Festivals


भारतीयों को इस महीने का हर वर्ष इन्तजार रहता है, आ रहा है त्योहारों से भरा वही महीना , जी हाँ हर वर्ष जिस माह में दिवाली होती है उसके आसपास इतने अधिक त्यौहार होते हैं कि आम आदमी के साथ साथ अच्छे अच्छे बिजनिस मेन भी इस महीने का इन्तजार करते हैं ।

इस वर्ष दिवाली नवम्बर 2020 में आ रही है तो आने वाले इस महीने में हो जाएगी त्योहारों की बरसात, और हर बिजनिस को जैसे पर लग जाएँगे ।

जानें कब है कौन सा त्यौहार 


Upcoming Festivals


इस महीने करवाचौथ, रमा एकादशी, धनतेरस, नरक चतुर्दशी, गोवर्धन पूजा, दिवाली, भाई दूज, छठ पूजा जैसे बड़े त्योहार पड़ेंगे। आइए जानते हैं नवंबर माह के व्रत एवं त्योहार की तारीखें

दिवाली महीने की शुरुआत में ही सबसे पहले महिलाओं का बहुत ही प्रसिद्द व्रत आता है जिसे सभी करवाचौथ के नाम से जानते हैं।

करवाचौथ Karvachauth - 4 नवम्बर 2020


माह की शुरुआत में करवा चौथ व्रत पड़ेगा जो 4 नवंबर को का व्रत रखा जाएगा। इस व्रत को सुहागिन महिलाएं अपने पति की दीर्घायु और उनके स्वस्थ्य जीवन के लिए रखती हैं ।

अहोई अष्ठमी Ahoi Ashthami


करवा चौथ के चार दिन बाद और दिवाली से आठ दिन पहले महिलाएं अहोई अष्टमी का व्रत (Ahoi Ashthami) रखती हैं । इस बार यह व्रत रविवार 8 नवम्बर को पड रहा है Sunday 8 November.

यह व्रत संतान प्राप्ति और उनकी लंबी आयु के लिए किया जाता है, मान्यता है अहोई अष्टमी (Ahoi Ashthami) का व्रत करने से संतान की प्राप्ति होती है । हिन्‍दू कैलेंडर के अनुसार यह व्रत कार्तिक मास की कृष्‍ण पक्ष अष्‍टमी को आता है , इस व्रत को तारों को देखकर खोला जाता है ।

रमा एकादशी


रमा एकादशी व्रत कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी को किया जाता है। इस साल 11 नवम्बर के दिन रमा एकादशी व्रत किया जायेगा। रमा एकादशी पर लक्ष्मी जी के साथ विष्णु भगवान का भी पूजन करने से धन वर्षा और शुभ लाभ की प्राप्ति होती है।

धनतेरस


धनतेरस का त्योहार 13 नवंबर को मनाया जाएगा। हिंदू पंचाग के अनुसार हर वर्ष कार्तिक मास की कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को धनतेरस का त्योहार मनाया जाता है। इसे धन त्रयोदशी भी कहते हैं।

नरक चतुर्दशी


यह त्यौहार नरक चौदस या नर्क चतुर्दशी या नर्का पूजा के नाम से भी प्रसिद्ध है।  नरक चतुर्दशी को छोटी दीपावली भी कहते हैं इस साल यह त्योहार भी 14 नवंबर को ही मनाया जाएगा।

दिवाली


दिवाली हिन्दू धर्म का बड़ा महत्वपूर्ण त्योहार है। प्रकाश और खुशियों का यह त्योहार कार्तिक मास की अमावस्या तिथि के दिन हर साल मनाया जाता है। इस साल यह त्योहार 14 नवंबर शनिवार के दिन मनाया जाएगा। दिवाली के दिन मां लक्ष्मी और गणपति महाराज की पूजा की जाती है। इसी दिन नरक चतुर्दशी भी है।

गोवर्धन पूजा


गोवर्धन पूजा 15 नवंबर को है। कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा को गोवर्धन पूजा का पर्व मनाया जाता है। इस दिन धन यानी गौ माता की पूजा की जाती है।

भाई दूज


भाई दूज नवंबर माह की 16 तारीख को मनाया जाएगा। भाई दूज पर्व, भाई-बहन के पवित्र रिश्ते और स्नेह का प्रतीक है। भाई दूज या भैया दूज पर्व को भाई टीका, यम द्वितीया, भ्रातृ द्वितीया आदि नामों से मनाया जाता है।

छठ पूजा


छठ पूजा को सूर्य षष्ठी के रूप में भी मनाया जाता है। यह त्योहार कार्तिक शुक्ल षष्ठी को मनाया जाता है। इस साल छठ पर्व 20 नवंबर को मनाया जाएगा।

देव उठनी एकादशी


देव उठनी एकादसी 25 नवंबर को है। देवउठानी का अर्थ है देव का उठना यानि इस दिन भगवान विष्णु अपनी योग निद्रा से उठ जाते हैं जिससे शुभ कार्यों का फिर से आरंभ हो जाता है।

कार्तिक पूर्णिमा


कार्तिक पूर्णिमा 30 नवंबर को है। हिन्दू पंचांग के अनुसार, कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष में आने वाली पूर्णिमा को कार्तिक पूर्णिमा कहते हैं। इस दिन महादेव जी ने त्रिपुरासुर नामक राक्षस का संहार किया था, इसलिए इसे ‘त्रिपुरी पूर्णिमा’ भी कहते हैं।

 

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Today, the revised Pay scales have been worked out as under :

Clerical: Rs. 17,900-1000/3, 1230/3, 1490/4, 1730/7, 3270/1, 1990/1,
47,920.
Substaff: Rs. 14500, 500/4, 615/5, 740/4, 870/3, 1000/3, 28145.

Stagnation increments would be 9 increments after reaching maximum.



10TH BP BASIC

SUBSTAFF
11TH BP BASIC

SUBSTAFF
10TH BP BASIC

CLERK
11TH BP BASIC

CLERK
9560145001176517900
9885150001242018900
10210155001307519900
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19200STAGNATION 132850STAGNATION 1
19855STAGNATION 234160STAGNATION 2
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22475STAGNATION 639400STAGNATION 6
23130STAGNATION 740710STAGNATION 7

 

October 24, 2020

करवाचौथ KARWA CHAUTH

करवाचौथ KARWA CHAUTH
इस बार करवा चौथ KARWA CHAUTH 4 नवम्बर 2020 दिन बुद्धवार को है ।

दरअसल करवा चौथ (Karva Chauth) का त्‍योहार दीपावली (Diwali) से नौ दिन पहले कार्तिक मास की चतुर्थी को मनाया जाता है ।

करवा चौथ का व्रत सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र के लिए पूरे दिन भूखे-प्यासे रहकर व्रत रखती हैं। इस दिन पूरे विधि-विधान से पूजा-अर्चना करने के बाद करवा चौथ की कथा शाम को सुनी जाती है।

फिर रात को चांद को अर्घ्य देने के बाद व्रत संपन्न होता है। छलनी में पति का मुंह देखकर उसके हाथ से पानी पीकर व कुछ खाकर व्रत पूरा माना जाता है ।

जिन महिलाओं के पति बाहर होते हैं वे आजकल फोन से बात करके व्रत तोड़ती हैं ।

महिलाएं हफ्तों पहले से व्रत की तैयारियां शुरू कर देती हैं बाजार से शॉपिंग , मेंहदी और पूरा मेकअप कर साज श्रृंगार के साथ बिल्कुल नई दुल्हन नजर आती हैं।

करवाचौथ :


भारतीय सुहागिनों का एक ऐसा व्रत जो पति की लंबी आयु के लिए रखा जाता है , आस्था और भावनाओं की एक बहुत बड़ी मिसाल है करवाचौथ ।

करवाचौथ कार्तिक मास की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी को मनाया जाता है।

यह पर्व सुहागिन स्त्रियां मनाती हैं किंतु नए चलन में देखा जा रहा है कि शादी तय होने पर कुछ लड़कियां भी ये व्रत करने लगी हैं तथा नए पीढ़ी के पुरुष वर्ग भी अपनी पत्नियों का साथ देने व्रत करते देखे जाते हैं ।

यह व्रत सुबह सूर्योदय से पहले शुरू होकर रात में चंद्रमा दर्शन के बाद संपूर्ण होता है।

अधिकतर स्त्रियां निराहार रहकर चन्द्रोदय की प्रतीक्षा करती हैं।

करवाचौथ की प्रचलित कहानी :-


बहुत समय पहले की बात है, एक साहूकार के सात बेटे और उनकी एक बहन करवा थी। सभी सातों भाई अपनी बहन से बहुत प्यार करते थे।

एक बार उनकी बहन ससुराल से मायके आई हुई थी। भाई जब घर आए तो देखा करवा बहुत व्याकुल थी। उसने बताया कि उसका आज करवाचौथ का निर्जल व्रत है।

वह चंद्रमा को अर्घ्‍य देकर ही भोजन कर सकती है। चंद्रमा अभी तक नहीं निकला है, इसलिए वह भूख-प्यास से व्याकुल हो उठी है।

सबसे छोटे भाई को बहन की हालत देखी नहीं गई और वह दूर वरगद के पेड़ पर दीपक जलाकर छलनी की ओट में रख देता है।
यह दीपक दूर से देखने पर ऐसा प्रतीत होता है कि जैसे चांद निकल आया हो । वह बहन को बताता है कि चांद निकल आया है।

करवा चांद को देखती है, अर्घ्‍य देकर खाना खाने बैठ जाती है। वह पहला टुकड़ा वह जैसे ही मुंह में डालती है तो उसे छींक आ जाती है। दूसरे टुकड़े में बाल निकल आता है। जैसे ही तीसरा टुकड़ा मुंह में डालने की कोशिश करती है तो उसके पति की मृत्यु का समाचार मिलता है।

उसकी भाभी उसे सच्चाई बताती हैं कि उसके साथ ऐसा क्यों हुआ। करवाचौथ का व्रत गलत तरीके से टूटने के कारण देवता उससे नाराज हो गए हैं।

करवा निश्चय करती है कि पति का अंतिम संस्कार नहीं होने देगी और अपने सतीत्व से उन्हें पुनर्जीवन दिलाएगी। वह पूरे साल पति के शव के पास बैठी रहती है। एक साल बाद फिर चौथ का व्रत आया तो करवा की भाभियां उससे मिलने आईं।

ननद की दशा देखकर वे सभी बहुत दुखी हुईं और उससे कहा कि तुम्हारा सुहाग चौथ माता ने लिया है वही तुम्हें सुहाग देंगी। आज चौथ का व्रत है और सभी के घरों में चौथ माता आएंगी। जब माता आएं तो तुम उनके पांव पकड़ लेना। उनसे क्षमा याचना करना।

जब चौथ माता आईं तो करवा ने उनके पांव पकड़ लिए। अपने सुहाग को जीवित करने की याचना करने लगी। चौथ माता को दया आ गई और उन्होंने अपनी छोटी अंगुली को चीरकर उसमें से निकला अमृत उसके पति के मुंह में डाल दिया।

करवा का पति तुरंत श्रीगणेश कहता हुआ उठ बैठता है। इस प्रकार चौथ माता के आशीर्वाद से करवा को अपना सुहाग वापस मिल जाता है।



 

दीपावली Deepawali (दिवाली Diwali)

गोवर्धन पूजा Goverdhan Pooja

नरक चतुर्दशी (छोटी दिवाली) Narak Chaturdashi

छठ पूजा Chhath Pooja

धनतेरस Dhanteras

करवाचौथ Karavachauth

नवरात्रि NavRatri

 

 

 

October 02, 2020

London of mein bhi hai india ( Mini Punjab in London ) full video



We finally visited the Southall. Southall is one of the main areas of London. It's known as the mini Punjab of London England. This area town center is full of south Asian shops and hotels. This is a great place in London for desi cultural and traditional clothing and accessories.

It is most diversified Indian area in the UK. I was shocked to see 11 Gurdwaras, 2 Temples, 6 Masjids, 11 Churches.

When Pritam Singh Sangha opened his first corner shop in London in 1954, little did he know that Southall will become a mini Punjab of London.
On my recent visit around Southall only to discover so much more about the Punjabi & Pakistani community living in London. From the best Indian street food to fashion, you find it all at Southall
On my recent Visit to UK Southall. i walked around local streets, Visit Gurdwara Sri Guru Singh Sabha Southall to discover about the Punjabi Culture and trust me guys it make me feel in Actual PUNJAB.
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Ye badge phna to sb chhod denge aapke liye seat ( London travel tips )



TFL London transport issue 2 badge i.e. baby on board for pregnant ladies and offer me a seat for disable , sick or less able to stand people so that people can offer seat to needy people by seeing these badges.
In this video you will get full information about it .